lovebet 1*2

lovebet 1*2

time:2021-10-22 18:08:00 क्‍या आपको फंड ऑफ फंड्स में निवेश करना चाहिए? Views:4591

पोकर यूआंग असली lovebet 1*2 betway स्पिन और जीत,लियोवेगास गेमिंग लिमिटेड,lovebet ए वीपीएन,lovebet लाइव,lovebet वेरिफाई अकाउंट,एक शतरंज खिलाड़ी क्रॉसवर्ड सुराग,बैकरेट शतरंज,बैकारेट रूज 540 कीमत,बेटिंग एजेंसी URL,कैसीनो 06,कैसीनो आरडी,चेसबॉट 0 80,क्रिकेट क्षेत्ररक्षण स्थिति,डिग्री लॉटरी,यूरोपीय कप भविष्यवाणी सुअर,फुटबॉल हैंडीकैप ऑड्स एल्गोरिथम,गेमिंग नेविगेशन स्टेशन,एचडी कैसीनो लोगो,इनडोर वर्चुअल क्रिकेट,जैकपॉट हीरो गेम,लाइव लाठी ऑस्ट्रेलिया reddit,लाइव रूले मोबाइल,लॉटरी सांबद 2019,मोबाइल लॉटरी सट्टेबाजी,ऑनलाइन कैसीनो मर्कुरू,ऑनलाइन पैसे जुआ नेविगेशन,फ़ुटबॉल सट्टेबाजी साइट पर खाता खोलें,पोकर बाइक,पूल रम्मी एक्सबॉक्स,शाही खोखला,रम्मी मॉडल,स्क्रिल वाई लवबेट,स्लॉट्स वेगास कैसीनो,स्पोर्ट्स यूट्यूब चैनल के नाम,टेस्को ऑनलाइन क्रिसमस स्लॉट,रम्मी सर्कल,लाइव ब्लैकजैक देखें,वर्ल्ड कप वीडियो,आईपीएल मैच लिस्ट,कैसीनो ऐप,खेलो पर जुआ video,जोकर पिक,फुटबॉल चित्र,बेटा घर पर,लूडो लूडो गोल्ड,स्पोर्ट्स खेल, .क्‍या आपको फंड ऑफ फंड्स में निवेश करना चाहिए?

हाल में कई फंड ऑफ फंड्स (एफओएफ) लॉन्‍च हुए हैं. इस तरह निवेशकों के पास चुनने के लिए विकल्पों की कमी नहीं है.
हाल में कई फंड ऑफ फंड्स (एफओएफ) लॉन्‍च हुए हैं. इस तरह निवेशकों के पास चुनने के लिए विकल्पों की कमी नहीं है. हालांकि, एक बात हर निवेशक को ध्‍यान रखने की जरूरत है. चूंकि एफओएफ दूसरी म्‍यूचुअल फंड स्‍कीमों में निवेश करते हैं. लिहाजा, डुप्‍लीकेशन की कॉस्‍ट आ सकती है. इसका मतलब है कि निवेशकों को ओरिजनल स्‍कीम के साथ ही एफओएफ के एक्सपेंस रेशियो का भार भी उठाना पड़ सकता है.

इस बात को उदाहरण से समझते हैं. मान लेते कि निवेशक हाल में लॉन्‍च निप्‍पॉन इंडिया एसेट अलोकेट एफओएफ में निवेश करते हैं. इस मामले में उन्‍हें एफओएफ का एक्‍सपेंस रेशियो 0.19 फीसदी उठाना पड़ेगा. साथ ही वह एफओएफ जिन स्‍कीमों में निवेश करेगा, उनके वेटेड एवरेज एक्‍सपेंस रेशियो का भार भी निवेशकों पर आएगा. इस मामले में तीन स्‍कीमें हैं, निप्‍पॉन इंडिया स्‍मॉलकैप फंड (1.06%), निप्पॉन इंडिया ग्रोथ फंड (1.26%) और निप्पॉन इंडिया लॉर्जकैप फंड (1.18%).

आपको एफओएफ रूट का इस्‍तेमाल सिर्फ तभी करना चाहिए अगर अतिरिक्‍त कॉस्‍ट उचित है. आइए, जानते हैं कि इस फैसले तक पहुंचने में आपको किन बातों का ध्‍यान रखना चाहिए.

इसे भी पढ़ें : निवेश की शुरुआत करने जा रहे हैं? जानिए कैसे उठाएं एक-एक कदम

आपके रिटर्न प्रोफाइल में फिट हो स्‍कीम
प्राइमरी स्‍कीम यानी घरेलू म्‍यूचुअल फंड स्‍कीम का उपलब्‍ध न होना एफओएफ रूट लेने का एक कारण हो सकता है. इससे भी अधिक महत्वपूर्ण यह है कि इस नई स्‍कीम को आपके पोर्टफोलियो प्रोफाइल में फिट होना चाहिए.

क्रेडेरे वेल्‍थ पार्टनर्स में प्रोडक्‍ट और रिसर्च के हेड अरुण गोपालन कहते हैं, ''निवेशकों को जिस स्‍कीम में निवेश किया जा रहा है, उसे देखना चाहिए. साथ ही यह भी पता लगाना चाहिए कि उससे क्‍या मकसद हल हो रहा है.''

एलआरएस के जरिये सीधे निवेश करने में क्‍या दिक्‍कत है?
आप पूछ सकते हैं कि लिबरलाइज्ड रेमिटेंस स्‍कीम (एलआरएस) का इस्तेमाल करते हुए सीधे विदेशी शेयरों में क्‍यों निवेश नहीं किया जा सकता है. यह बिल्‍कुल सही है कि आप सीधे निवेश कर सकते हैं. लेकिन, उसके लिए आपको काफी विशेषज्ञता की जरूरत होगी. इस बात को ध्‍यान रखना चाहिए कि भारतीय फंड हाउस सीधे इंटरनेशनल सेगमेंट में सिर्फ इसलिए नहीं हाथ आजमा रहे हैं क्योंकि उनके पास यहां निवेश करने की कुशलता नहीं है.

इसे भी पढ़ें : मनी मार्केट म्यूचुअल फंडों के बारे में ये 5 बातें जान लें, होगा फायदा

आप इंटरनेशनल फंडों या एक्‍सचेंज ट्रेडेड फंड में निवेश कर काफी हद तक विशेषज्ञता के मसले को हल कर सकते हैं. हालांकि, यह एक और परेशानी खड़ी करेगा. वह है एलआरएस व्यवस्था के तहत रिपोर्ट‍िंग की.

हाल में लॉन्‍च हुए एफओएफ
master

जहां एफओएफ रूट का इस्‍तेमाल ग्‍लोबल डायवर्सिफिकेशन के लिए इस्‍तेमाल किया जा सकता है. वहीं, अच्‍छा होगा कि घरेलू थीम के लिए इससे बचा जाए.

घरेलू एफओएफ की उपयोगिता कम
बात जब घरेलू परिदृश्य की आती है तो एफओएफ की उपयोगिता घट जाती है. हाल में लॉन्‍च कई एफओएफ अपने ही ईटीएफ में पैसा लगाएंगे. इस मामले में वैल्यू एडिशन कम है. कारण है कि निवेशक सेकेंडरी मार्केट से प्राइमरी ईटीएफ सीधे खरीद सकते हैं. हालांकि, यह निवेशकों के एक धड़े के लिए फायदेमंद साबित हो सकता है.

प्‍लान अहेड वेल्थ एडवाइजर्स के सीईओ विशाल धवन कहते हैं कि जिन म्‍यूचुअल फंड निवेशकों के पास डीमैट या ट्रेडिंग अकाउंट नहीं है, उनके लिए ईटीएफ में एफओएफ निवेश उपयोगी होगा.

पैसे कमाने, बचाने और बढ़ाने के साथ निवेश के मौकों के बारे में जानकारी पाने के लिए हमारे फेसबुक पेज पर जाएं. फेसबुक पेज पर जाने के लिए यहां क्‍ल‍िक करें

टॉपिक

फंड ऑफ फंड्सएफओएफम्‍यूचुअल फंडरिटर्न प्रोफाइलएक्‍सचेंज ट्रेडेड फंड

ETPrime stories of the day

Havildar Tom Cruise? A case diary of Indian cops’ craze for artificial intelligence in policing
Artificial intelligence

Havildar Tom Cruise? A case diary of Indian cops’ craze for artificial intelligence in policing

11 mins read
Smarter, better, and now more affordable: AI is becoming omnipresent as it steps up its game
Artificial intelligence

Smarter, better, and now more affordable: AI is becoming omnipresent as it steps up its game

15 mins read
MedPlus has scale, Wellness Forever scores in product mix. Which IPO will get more investor love?
Investing

MedPlus has scale, Wellness Forever scores in product mix. Which IPO will get more investor love?

10 mins read

आईबीए ने बैंक कर्मचारी और अधिकारी संघों के साथ 11वीं द्विपक्षीय वेतनवृद्धि वार्ता नई सहमति के साथ सम्पन्न होने की बुधवार को घोषणा की.बेहतर और सरल रिटर्न के लिए निवेशक साधारण प्रोडक्ट्स का रुख कर रहे हैं. सरकार ने अप्रैल-जून तिमाही में ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया है.अगले 3-6 महीने में कोविड से पहले के स्तर पर पहुंच जाएगी कंपनियों की भर्ती : सर्वे

भारतीय शहरों में करीब 15 फीसदी कंपनियों की फरवरी से अप्रैल 2021 के बीच फ्रेशर्स को भर्ती करने की योजना है. लर्निंग सॉल्‍यूशंस फर्म टीम लीज एडटेक के सर्वे से इसका पता चलता है. टीमलीज एडटेक के सीईओ शांतनु रूज ने कहा कि कोरोना की महामारी के बावजूद कंपनियों के एजेंडे में फ्रेशर्स की हायरिंग है.नौकरी जॉबस्पीक्स इंडेक्स की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, डिजिटल बदलाव की लहर में सूचना प्रौद्योगिकी-सॉफ्टवेयर क्षेत्र लगातार इससे बचा हुआ है.दिवाली से पहले बैंक कर्मचारियों के लिए खुशखबरी, 15% बढ़ेगा वेतन

पिछले साल से अब तक बड़े उतार-चढ़ाव हुए हैं. लोगों ने कोरोना की महामारी के कहर को देखा और अब जिंदगी को पटरी पर लौटते देख रहे हैं. शायद ही यह दौर भुलाए भूलेगा. हालांकि, इससे कई सबक भी मिले हैं. ये करियर में आगे बढ़ने में मदद कर सकते हैं. आइए, यहां उनके बारे में जानते हैं.नौकरी जॉबस्पीक्स इंडेक्स की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, डिजिटल बदलाव की लहर में सूचना प्रौद्योगिकी-सॉफ्टवेयर क्षेत्र लगातार इससे बचा हुआ है.नेशनल रिटेल पॉलिसी से 4 साल में पैदा होंगी 30 लाख नौकरियां : सीआईआई

पूरा पाठ विस्तारित करें
संबंधित लेख
lovebet संस्थापक

साल में कम से कम एक बार निवेश की समीक्षा जरूर करें और उसे दोबारा बैलेंस करें.

स्पोर्ट्स हर्निया

बेटी की शिक्षा और शादी के लिए माता-पिता पैसा जोड़ पाएं, इस मकसद के साथ यह स्‍कीम लॉन्‍च की गई थी.

lovebet टिकट टेलीग्राम

पिछले 10 साल में ओएनजीसी अपने उत्पादन में कोई बड़ी बढ़ोतरी करने में नाकामयाब रही है.

लाटरी पंजाब रिजल्ट

नौकरी जॉबस्पीक्स इंडेक्स की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, डिजिटल बदलाव की लहर में सूचना प्रौद्योगिकी-सॉफ्टवेयर क्षेत्र लगातार इससे बचा हुआ है.

10cric बेटिंग टिप्स

एक साल पहले इस फंड के अनुभवी मैनेजर ने इस्तीफा दिया. हालांकि, स्‍कीम की बागडोर मजबूत प्रबंधन के हाथों में है. निवेश के तरीके में कोई बड़ा बदलाव नहीं हुआ है.

संबंधित जानकारी
गरम जानकारी